टकराव पहले से भीतर है
बिना झंझट का सूत्र सिर्फ़ एक पृष्ठभूमि है। इनमें से हर एक में कुछ ऐसा है जो जैसा है वैसा रह नहीं सकता — और कहानी का यही अकेला हिस्सा है जो शुरू करने से पहले मौजूद होना चाहिए।
कोई भी अंत नहीं बताता। जो सूत्र आपको बता दे कि वह कैसे ख़त्म होता है, उसे कोई और पहले ही लिख चुका है।